मेरठ में थानेदारों की तबादला एक्सप्रेस पर ब्रेक! SSP ने ट्रांसफर किए होल्ड, पुराने थानों में ही संभालेंगे जिम्मेदारी
मेरठ, उत्तर प्रदेश: मेरठ पुलिस में दिवाली के आसपास किए गए थानेदारों के बड़े फेरबदल पर फिलहाल रोक लग गई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) बीबीजीटीएस मूर्ति ने थाना प्रभारियों को यथास्थान रहकर कानून-व्यवस्था संभालने के निर्देश दिए हैं। 25 अक्टूबर को UPSSSC PET-2026 परीक्षा और 26 अक्टूबर को महर्षि वाल्मीकि जयंती के मद्देनजर यह फैसला लिया गया है। सोमवार को स्थानांतरित किए गए स्थानों पर थाना प्रभारी अपनी जिम्मेदारी संभालेंगे।
तबादला सूची जारी होने के बाद क्यों लगी रोक?
दिवाली के आसपास SSP बीबीजीटीएस मूर्ति ने मेरठ जिले में कई थाना प्रभारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया था। इस सूची के बाद पुलिस महकमे में हलचल मच गई थी। कई अधिकारियों को एक थाने से दूसरे थाने में भेजा गया था, जबकि कुछ को लाइन हाजिर किया गया था।
हालांकि, तबादला आदेशों पर अमल से पहले ही फिलहाल उन्हें होल्ड कर दिया गया है। इसके चलते थाना प्रभारियों को नई तैनाती के बजाय मौजूदा स्थान पर रहकर काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
नकली सिगरेट और वसूली प्रकरण में भी हुई थी कार्रवाई
मेरठ पुलिस में हाल के दिनों में कुछ गंभीर मामलों को लेकर कार्रवाई चर्चा में रही। नकली सिगरेट प्रकरण में हस्तिनापुर थाना प्रभारी कमल शंकर त्रिवेदी और स्वाट टीम प्रभारी शैलेश कुमार को लाइन हाजिर किया गया था।
वहीं, लिसाड़ी गेट में कथित वसूली सिंडिकेट से जुड़े मामले में थाना प्रभारी दलबीर सिंह को लाइन हाजिर किया गया। नौचंदी थाना प्रभारी अनूप सिंह को भी भ्रष्टाचार संबंधी शिकायत के बाद लाइन हाजिर किए जाने की बात सामने आई थी।
इन कार्रवाइयों के बाद हुए तबादलों और फिर आदेशों को होल्ड किए जाने से पुलिस महकमे में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
परीक्षा और वाल्मीकि जयंती के चलते यथास्थान रहने के निर्देश
SSP बीबीजीटीएस मूर्ति के अनुसार, 25 अक्टूबर को UPSSSC PET-2026 परीक्षा और 26 अक्टूबर को महर्षि वाल्मीकि जयंती के आयोजन को देखते हुए थाना प्रभारियों को फिलहाल अपनी वर्तमान तैनाती पर रहकर कानून-व्यवस्था संभालने के लिए कहा गया है।
निर्देशों के मुताबिक, सोमवार को स्थानांतरित किए गए स्थानों पर संबंधित अधिकारी अपनी जिम्मेदारी संभालेंगे। ऐसे में तबादला सूची पर आगे क्या फैसला होता है, इस पर पुलिस महकमे की नजर रहेगी।
मेरठ में थानेदारों के फेरबदल पर लगी यह अस्थायी रोक अब चर्चा का विषय बन गई है। हालांकि, तबादला आदेशों को होल्ड करने के पीछे परीक्षा और त्योहार के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने की आधिकारिक वजह बताई गई है।
