CM योगी का बड़ा बयान: ‘उपद्रव प्रदेश’ से ‘उत्सव प्रदेश’ बना यूपी, महिला सुरक्षा और विकास पर गिनाईं उपलब्धियां
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर प्रदेश की जनता के नाम संदेश साझा करते हुए महिला सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन और प्रदेश के आर्थिक विकास को लेकर अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने मां सिद्धिदात्री के आशीर्वाद का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश की नारीशक्ति अपने सामर्थ्य, संकल्प और आत्मविश्वास के बल पर प्रदेश की प्रगति एवं समृद्धि में निर्णायक भूमिका निभा रही है।
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में लिखा, “यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः।” अर्थात जहां नारी का सम्मान होता है, वहीं सुख, समृद्धि और कल्याण का वास होता है।
2017 से पहले के हालात पर क्या बोले CM योगी?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में वर्ष 2017 से पहले के उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि उस समय प्रदेश में अराजकता चरम पर थी। उनके अनुसार, गुंडे, माफिया और उपद्रवी सत्ता के समानांतर सरकार चला रहे थे और प्रदेश दंगों की आग में झुलस रहा था।
सीएम योगी ने कहा कि उस दौर में पर्व-त्योहारों से पहले उपद्रव की घटनाएं शुरू हो जाती थीं। बेटियों की सुरक्षा को लेकर अभिभावक चिंतित रहते थे और उन्हें अपनी बेटियों के सुरक्षित भविष्य के लिए दूसरे राज्यों में भेजने तक को मजबूर होना पड़ता था।
‘उपद्रव प्रदेश’ से ‘उत्सव प्रदेश’ बना उत्तर प्रदेश
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश की डबल इंजन सरकार ने अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई तथा कानून के शासन को मजबूत किया।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, इन प्रयासों से उत्तर प्रदेश की छवि में बदलाव आया है और प्रदेश को उपद्रव से निकालकर उत्सव प्रदेश के रूप में स्थापित किया गया है। उन्होंने महिला सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन से जुड़े प्रयासों को भी प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण बताया।
GSDP और प्रति व्यक्ति आय तीन गुना होने का दावा
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में प्रदेश की अर्थव्यवस्था को लेकर कई आंकड़े साझा किए। उन्होंने दावा किया कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश की सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP), प्रति व्यक्ति आय, बजट और महिला श्रम बल भागीदारी तीन गुना हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश लगातार राजस्व अधिशेष की स्थिति में बना हुआ है।
योगी आदित्यनाथ के अनुसार, उत्तर प्रदेश को 50 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। बड़े कारखानों की संख्या करीब 14 हजार से बढ़कर 35 हजार हो गई है, जबकि निवेश के माध्यम से 65 लाख से अधिक युवाओं को रोजगार मिलने की बात भी उन्होंने कही।
एक्सप्रेसवे, कृषि और सरकारी नौकरियों पर भी रखे आंकड़े
सीएम योगी ने प्रदेश के बुनियादी ढांचे और रोजगार से जुड़े विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के कुल एक्सप्रेसवे नेटवर्क का 60 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश में है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की कृषि विकास दर 8 प्रतिशत से बढ़कर 18 प्रतिशत हो गई है।
मुख्यमंत्री ने सरकारी भर्तियों को लेकर कहा कि निष्पक्ष और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से युवाओं को साढ़े नौ लाख सरकारी नौकरियां प्रदान की गई हैं। इसके अलावा, उन्होंने प्रदेश में स्टार्टअप की संख्या 120 से बढ़कर 24 हजार से अधिक होने का दावा किया।
MSME और डिफेंस कॉरिडोर का भी किया जिक्र
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) क्षेत्र को पुनर्जीवित करने से तीन करोड़ से अधिक रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर का उल्लेख करते हुए कहा कि रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में भारत को आत्मनिर्भर बनाने में प्रदेश महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
‘सशक्त नारी, समृद्ध उत्तर प्रदेश’ का संकल्प
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश के अंत में कहा कि प्रदेश सरकार सशक्त नारी और समृद्ध उत्तर प्रदेश के संकल्प के साथ ‘विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश’ के लक्ष्य को साकार करने के लिए लगातार काम कर रही है।
उनका यह संदेश महिला सुरक्षा, कानून-व्यवस्था, रोजगार, निवेश और आर्थिक विकास को लेकर राज्य सरकार के दावों पर केंद्रित रहा। हालांकि, संदेश में साझा किए गए आर्थिक और रोजगार संबंधी आंकड़ों को स्वतंत्र रूप से सत्यापित करने के लिए संबंधित सरकारी आंकड़ों और आधिकारिक रिपोर्टों का अलग से अध्ययन आवश्यक है।
