डी मोनफोर अकादमी में विद्यार्थियों ने पोस्टर के जरिए दिया ‘सतर्कता से समृद्धि’ का संदेश
पोस्टर निर्माण गतिविधि में कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों ने लिया हिस्सा, ईमानदारी और पारदर्शिता पर रचनात्मक संदेश
रामराज (मेरठ)। विद्यार्थियों में ईमानदारी, नैतिक मूल्यों, पारदर्शिता और जिम्मेदार नागरिकता की भावना विकसित करने के उद्देश्य से डी मोनफोर अकादमी, रामराज में 25 सितंबर को पोस्टर निर्माण गतिविधि का आयोजन किया गया। यह गतिविधि केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) एवं केंद्रीय सतर्कता आयोग (CVC) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सतर्कता जागरूकता कार्यक्रम के अंतर्गत कराई गई।
पोस्टर निर्माण गतिविधि का विषय ‘सतर्कता से समृद्धि’ रखा गया। इसमें कक्षा 6 से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक सोच और कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए विभिन्न आकर्षक एवं संदेशपरक पोस्टर तैयार किए।
विद्यार्थियों ने अपने पोस्टरों के माध्यम से ईमानदारी, पारदर्शिता, कर्तव्यनिष्ठा और भ्रष्टाचार के प्रति जागरूकता का संदेश दिया। पोस्टरों में सामाजिक जिम्मेदारी और नैतिक मूल्यों से जुड़े विभिन्न विचारों को रचनात्मक तरीके से प्रस्तुत किया गया।
सीबीएसई दिशा-निर्देशों के अनुसार तैयार किए पोस्टर
विद्यालय के अनुसार, सीबीएसई के दिशा-निर्देशों के तहत विद्यार्थियों ने ए-2 आकार के क्षैतिज पोस्टर हिंदी अथवा अंग्रेजी माध्यम में तैयार किए। विद्यार्थियों को विषय से संबंधित मौलिक और स्वयं तैयार सामग्री के माध्यम से अपने विचार प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को सतर्कता जागरूकता से संबंधित ऑनलाइन कार्यक्रम भी दिखाया गया। इसके माध्यम से विद्यार्थियों को नैतिक आचरण, ईमानदारी, सतर्कता तथा भ्रष्टाचार की रोकथाम के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। विद्यार्थियों ने ऑनलाइन कार्यक्रम से प्राप्त संदेशों को अपनी पोस्टर प्रस्तुतियों में भी रचनात्मक रूप से अभिव्यक्त किया।
नैतिक मूल्यों से व्यक्तित्व निर्माण पर जोर
विद्यालय के प्राचार्य डॉ. समीर वर्मा ने कहा कि इस तरह की गतिविधियां विद्यार्थियों को अपनी रचनात्मक प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए मंच देने के साथ-साथ उनमें नैतिक मूल्यों, ईमानदारी और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करती हैं।
विद्यालय के निदेशक डॉ. के.के. शर्मा ने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि जागरूकता और नैतिक मूल्यों की शिक्षा विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने जीवन में ईमानदारी और जिम्मेदारी जैसे मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
निर्देशिका डॉ. गरिमा वर्मा ने विद्यार्थियों द्वारा बनाए गए पोस्टरों की सराहना की। वहीं उप-प्रधानाचार्या रितु चिकारा ने कहा कि ऐसी गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को सामाजिक विषयों को समझने और अपने विचारों को रचनात्मक तरीके से व्यक्त करने का अवसर मिलता है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में उत्साह देखने को मिला। पोस्टर निर्माण गतिविधि के माध्यम से विद्यालय ने विद्यार्थियों को रचनात्मक अभिव्यक्ति के साथ-साथ ईमानदारी, पारदर्शिता और जिम्मेदार नागरिकता के महत्व से जोड़ने का प्रयास किया।
